जकार्ता। भारतीय बैडमिंटन के लिए गुरुवार का दिन खास रहा, जब दो दिग्गज खिलाड़ी पी. वी. सिंधु और लक्ष्य सेन ने इंडोनेशिया मास्टर्स 2026 में अपने-अपने प्री-क्वार्टरफाइनल मुकाबले जीतकर क्वार्टरफाइनल में जगह बना ली। दोनों खिलाड़ियों ने सीधे गेम में जीत दर्ज करते हुए अपने शानदार फॉर्म का परिचय दिया।
महिला एकल वर्ग में दो बार की ओलंपिक पदक विजेता पी. वी. सिंधु ने डेनमार्क की लाइन क्येरफेल्ट को 21-19, 21-18 से हराया। यह मुकाबला 43 मिनट तक चला और इसमें सिंधु का अनुभव और संयम निर्णायक साबित हुआ। यह क्येरफेल्ट के खिलाफ सिंधु की छठी भिड़ंत थी, जिसमें उन्होंने पांचवीं बार जीत दर्ज की।
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इस जीत के साथ ही पी. वी. सिंधु ने एक और ऐतिहासिक उपलब्धि अपने नाम कर ली। वह महिला एकल वर्ग में 500 करियर जीत दर्ज करने वाली दुनिया की छठी खिलाड़ी बन गईं और ऐसा करने वाली पहली भारतीय शटलर भी। अब तक 732 मुकाबले खेल चुकी सिंधु का जीत प्रतिशत 68.3 रहा है, जो उनकी निरंतरता और लंबे करियर की मजबूती को दर्शाता है।
अब क्वार्टरफाइनल में सिंधु के सामने कड़ी चुनौती होगी। उनका अगला मुकाबला टूर्नामेंट की टॉप सीड और दुनिया की नंबर चार खिलाड़ी चीन की चेन यू फेई से होगा। दोनों खिलाड़ियों के बीच अब तक 13 मुकाबले खेले जा चुके हैं, जिनमें चेन यू फेई ने 7-6 से मामूली बढ़त बना रखी है। हालांकि सिंधु ने चेन के खिलाफ आखिरी जीत 2019 में दर्ज की थी, ऐसे में वह इस रिकॉर्ड को सुधारने के इरादे से कोर्ट में उतरेंगी।
पुरुष एकल वर्ग में लक्ष्य सेन ने भी शानदार प्रदर्शन किया। उन्होंने हांगकांग के जेसन गुनावन को 21-10, 21-11 से हराकर क्वार्टरफाइनल में प्रवेश किया। यह मुकाबला महज आधे घंटे से थोड़ा ज्यादा समय तक चला, जिसमें लक्ष्य पूरी तरह हावी नजर आए। उनकी तेज रफ्तार, सटीक स्मैश और मजबूत डिफेंस के सामने गुनावन कोई खास चुनौती पेश नहीं कर सके।
लक्ष्य सेन की यह जीत न सिर्फ स्कोरलाइन के लिहाज से आसान रही, बल्कि इससे यह भी साफ हुआ कि वह टूर्नामेंट में गहराई तक जाने की पूरी क्षमता रखते हैं। युवा भारतीय शटलर लगातार बड़े टूर्नामेंटों में अच्छा प्रदर्शन कर रहे हैं और इंडोनेशिया मास्टर्स में भी उनसे खिताब की दौड़ में बने रहने की उम्मीद की जा रही है।
कुल मिलाकर, इंडोनेशिया मास्टर्स 2026 में भारतीय खिलाड़ियों का प्रदर्शन अब तक प्रभावशाली रहा है। पी. वी. सिंधु की ऐतिहासिक उपलब्धि और लक्ष्य सेन की दमदार जीत ने भारतीय बैडमिंटन प्रशंसकों का उत्साह बढ़ा दिया है। आने वाले क्वार्टरफाइनल मुकाबलों में दोनों खिलाड़ियों से एक बार फिर शानदार प्रदर्शन की उम्मीद होगी, जिससे भारत की चुनौती टूर्नामेंट में और मजबूत हो सके।

